आर्थिक
मामलों की मंत्रिमंडल समिति ने 27 अगस्त 2014 को असम के बोरझार की सेव अवर सोल विलेज लैंड की भारतीय विमानपत्तन
प्राधिकरण की भूमि से विनिमय को मंजूरी दी. इस मंजूरी के अनुसार एसओएस विलेज की 2,397
वर्ग मीटर जमीन को एएआई की 2,397 वर्ग मीटर की
जमीन से बदला जाएगा.
इस
मंजूरी से गुवाहाटी के लोकप्रिय गोपीनाथ बॉरदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर तीन
हैंगर के निर्माण में तेजी आ सकती है. हैंगर के इंस्टॉलेशन के लिए डेक बन चुके हैं
जिससे भारत के पूर्वोत्तर में अनुसूचित और गैर-अनुसूचित विमानों की संख्या बढ़ेगी.
एसओएस
और एएआई के बीच इस लैंड स्वैप समझौते को प्रधानमंत्री की अध्यक्षता वाली केंद्रीय
मंत्रिमंडल समिति ने मंजूरी दी.
लोकप्रिय गोपीनाथ बॉरदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हैंगर का निर्माण उस क्षेत्र में सामाजिक समावेश को बढ़ाएगा.
लोकप्रिय गोपीनाथ बॉरदोलोई अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर हैंगर का निर्माण उस क्षेत्र में सामाजिक समावेश को बढ़ाएगा.
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